अध्याय 22 : चिंगारी चटकना

अंधेरी बस के अंदर, आगे और पीछे की विंडस्क्रीन के अलावा, बाएँ और दाएँ की तीन खिड़कियों से बाहर की डरावनी अराजक रोशनी आ रही थी।

{इसे खोलोगे, तुम्हारी उम्र खा जाएगी।}

ह्वांग शू ने सामने के दरवाज़े को देखा।

हालाँकि देखने में कुछ ख़ास नहीं लगता था, लेकिन ह्वांग शू को हर वक़्त लगता था, बस यह दरवाज़ा धकेलने से, वह एक विशाल नई दुनिया में जा सकता है…

क़ीमत है… उम्र…

{हिचकिचाए? सही भी है, बस में इतने लोग हैं, ख़ुद ही आगे बढ़ने वाली भेड़ क्यों बनना।}

ह्वांग शू ने पीछे डरावनी सीटों पर बैठे, ठंडी निगाहों से अपनी तरफ़ ताकते कुछ लोगों को देखा। उनकी नज़रें ज़हरीली थीं, मानो ठान लिया हो, या तो मैं उनके लिए दरवाज़ा खोलूँ, या साथ मरें।

«सचमुच नर्क भेजने लायक़ लोग हैं,»

ह्वांग शू ने गाली दे कर, दरवाज़े के हैंडल को छुआ, फ़ौरन एक चिकनाहट महसूस हुई, मानो माँस की झिल्ली छू रहा हो।

«ह्वांग डायरेक्टर, सचमुच इन भूतिया बातों पर यक़ीन करते हो?»

«कोशिश कर के ही तो पता चलेगा।» ह्वांग शू शिकायत भरे लहजे में बोला। उसने नफ़रत से हैंडल पकड़ा : «चाहे कितनी भी उम्र खा ले, खुल जा!»

सर्र!

दरवाज़ा सरक कर दूसरी तरफ़ खुल गया, डरावनी बस के बाहर अंधेरी सड़क थी, लेकिन दूर एक धुँधली-सी रोशन अजनबी दुनिया का शहर था।

«सचमुच कामयाब हो गया?»

बस के अंदर के लोग शोर से उठ खड़े हुए, जो दरवाज़ा अभी तक किसी भी तरह नहीं खुल रहा था, इस वक़्त सचमुच खुल गया, वे फ़ौरन घबरा कर भागना चाहते थे।

पहले ही दशकों बूढ़ा हो चुका ह्वांग शू एक क़दम बस से बाहर निकला, उसने पीछे मुड़ कर झपटते सात-आठ लोगों को देखा, चेहरे पर संघर्ष के भाव आए।

{वे यहाँ मर गए, तो तुम्हें उनकी उम्र मिल जाएगी।}

वह हिलता डिस्प्ले बेमौक़े बहकाने वाली आवाज़ निकाल रहा था।

ह्वांग शू का चेहरा तन गया, आँखें बंद कर के दरवाज़े का हैंडल खींचा, «तो सब मरो, एहसान न मानने वाले कमीनों!»

……

«मैंने, अभी उस बस का सपना देखा?» कामगारों के शेड में मेज़ पर झुका ह्वांग शू माथा सिकोड़े हुआ। कैंप में ख़ामोशी थी, उसने चारों ओर देखा, सब न जाने क्यों सो रहे थे।

धुँधली रोशनी में एक छोटी-सी चमकती गेंद नीचे उड़ी, उसमें से एक क्यूट-सा नन्हा परी जैसा लड़का प्रकट हुआ।

«तुम फ़ेल हो, बेवक़ूफ़।»

«ओह? फ़ेल?» ह्वांग शू हैरान रह गया।

नन्ही परी ने ज़्यादा कुछ नहीं कहा, फ़ौरन दूर ज़मीन पर पेट के बल सो रहे कुछ लोगों के पास पहुँच गई।

पीछे से नींद भरी आवाज़ आई, «अरे? मैं कब सो गया।»

एक ने आँखें मलते हुए उठाया, फिर दूसरे ने।

छोटे रिपोर्टर को देख कर, ह्वांग शू फ़ौरन चौकन्ना हो गया। किसी ने यहाँ हमला किया है? उसने सहज ही पास का सामान उठाया — रोज़ क्रीक ने मज़दूरों को बाँटे ठंड से बचाव के काम के कपड़े और खाने की चीज़ें। फिर शेड से निकल कर दूर ऊँचे सुंदर भवन को देखा।

उसने सुना था कि बड़ा मुवक्किल माल-दल भवन में है, उसका मन उलझन में था, सोचा, ह्वांग शू ने बिना हिचक पहले ही निकल जाने का फ़ैसला किया। वह नहीं चाहता था कि उसकी बदहाल शक्ल फिर किसी जान-पहचान वाले को दिखे।

……

चटखती आग के पास ख़ामोश भवन में धीरे-धीरे कुछ धीमी आवाज़ें उठने लगीं।

{बधाई हो युआनयुआन बेबी, सफलतापूर्वक【खोया माया-जाल कंपनी】की【संयुक्त नियुक्ति मानसिक बल और अच्छाई-बुराई झुकाव परीक्षा】पास की।}

{युआनयुआन बेबी का मानसिक बल शिखर मूल्यांकन दो-घेरा दो-स्तर, अच्छाई-बुराई झुकाव प्लस तीन है।}

सर्र! यह तीखी पतली आवाज़ ख़त्म होते ही, शू ऐयुआन के सिर के पास तैरती नन्ही परी फ़ौरन उड़ गई।

नींद भरी आँखों से शू ऐयुआन ने हैरानी से अपनी सही-सलामत शराबी लाल पोशाक देखी, फिर कॉलर के फूल को छुआ।

यह कढ़ाई वाला गुलाब पंखुड़ी जैसी ख़ूबसूरत एक आँख खोल कर, उसे देखा और बोला :

{आख़िर जागीं, मज़ा आया क्या।}

«बस एक सपना?» शू ऐयुआन ने ठंडी जेड जैसी आवाज़ में धीमे से कहा, फिर फ़ौरन समझ गई, वह शायद मानसिक हमले की चपेट में आ गई थी।

वह दुश्मन का सामना करने की तरह चारों ओर देखने लगी, फिर सिर उठा कर सिर के ऊपर एक छोटी-सी चमकती गेंद को देखा, उसमें एक नन्ही परी सर्र से ऊपर उड़ गई, मानो उसे देख कर बहुत शर्मा रही हो।

«मैंने बहुत पी ली?»

एक के बाद एक लोग जागने लगे।

«अरे, सबको नशा कैसे हो गया, अरे अरे, भाइयो, मैंने अभी तुम लोगों का सपना देखा।»

«मैंने भी तुम्हारा सपना देखा। रुको, मैं फ़ेल? इसका क्या मतलब?»

ऊपर की नन्ही परी जैसे मुक्तिदाता को पा कर उड़ गई, बड़ी अकड़ से नन्ही उँगली से मेज़ पर जाग रहे लोगों की तरफ़ इशारा किया।

«तुम कुछ लोग। तू तू तू, और तू, सब नेगेटिव स्कोर!»

«हैं?»

……

शू ऐयुआन ने अपने पास अब भी सो रहे नौजवान को देखा, पूरे शरीर पर शराब की बू के साथ, धुँधली-सी ऊर्जा की परत थी।

शू ऐयुआन ने गोरा हाथ बढ़ा कर आदमी के गाल को छूना चाहा, लेकिन इस ऊर्जा की परत ने पूरी तरह रोक दिया।

चमकती गेंद नीचे उड़ कर शू ऐयुआन के कंधे पर आ बैठी।

नन्ही परी ने चुपके से कहा :

{देखना चाहती हो यह बुरा बंदा अंदर क्या कर रहा है?}

शू ऐयुआन ने उसे तिरछी नज़र से देखा, होंठों पर हल्की मुस्कान लिए हल्का सिर हिलाया।

{हेहे।}

यह थोड़ा शैतान दिखने वाला नन्हा जीव फ़ौरन नन्हे हाथ से शू ऐयुआन की कनपटी पर हल्का-सा दबाया।

पल भर में, शू ऐयुआन जैसे जागते धुँधले सपने में प्रवेश कर गई, आस-पास बहुत से लोगों की छायाएँ तैरती दिखीं, सब एक जगह इकट्ठे थे, डर कर चारों ओर घूमती ताक़तवर पट्टियों से बच रहे थे।

—{मेरी क्षमता जीवन जलाना है… इस दायरे में, मानसिक क्षमता बेकार…}

«आह।» शू ऐयुआन ने हल्के से मुँह ढका, उसने उदास लिन सीते को देखा, फिर नज़र तेज़ी से भवन के किनारे पर गई, वह दुबला-पतला आदमी दीवार के पास सूप के बर्तन के पास पड़ा था, हाथ में अभी तक लोहे के चूल्हे में डालने वाली लकड़ी का टुकड़ा थामे था।

उसने शाही रेशमी जैसी रोशनी को फैलते और जलते देखा, तेज़ी से आस-पास की पट्टियों को मिटाते हुए।

«यह श्याओलिन कर सकता है?»

{हाँ। उसकी क्षमता दरअसल अब आम मानसिक क्षमता नहीं मानी जाती, हाँ, परीक्षा पास करने वालों को यह बताने में कोई हर्ज नहीं। मानसिक क्षमता भी कई क़िस्म की होती है, कुछ आम मानसिक बल की मज़बूती होती है, कुछ तो ऊर्जा के इतनी शुद्ध होने के कारण, रक्त-संबंध से अनुक्रिया पाती हैं… मुझे बस इतना ही पता है।}

नन्ही परी थोड़ी शर्माई।

शू ऐयुआन ने सिर हिलाया। अपने पास, इतना ताक़तवर शख़्स भी छुपा था।

{युआनयुआन बेबी चुपके से देखो, मुझे काम पर जाना है। साथ ही खोया माया-जाल कंपनी ने तुम्हारे लिए नौकरी का न्योता तैयार कर लिया है।}

नन्ही परी उड़ गई, हल्की रोशनी में घुल कर ग़ायब, मानो इस भवन में फैली ओवरलैपिंग माया-छायाओं में समा गई।

परी के तेज़ी से ग़ायब होने के साथ, शू ऐयुआन ने देखा कि अभी-अभी मानसिक ज्वाला जलाने वाला लिन सीते, अचानक अपनी क्षमता का नियंत्रण खो बैठा।

शू ऐयुआन अचानक तनाव में आ गई।

किसी ने इस बलिदानी की हत्या कर दी!

अच्छा हुआ सिर्फ़ छोटे रिपोर्टर ने किया था।

दो सेकंड भी नहीं हुए, लिन सीते हैरानी से उठ बैठा, फिर उसने मेज़ की तरफ़ से कुछ निगाहों को अपनी ओर आते देखा, और उनमें से एक थी वह कोमल नज़र जो बार-बार सपनों में आती थी।

{बधाई हो श्याओतेते, एक झटके में परीक्षा पास कर ली।}

एक नन्ही परी नीचे उड़ी।

{असल में यह सबके लिए परीक्षा का मौक़ा नहीं था, तुम्हारा पास करना सचमुच बहुत अच्छा है!}

क्या हुआ समझते ही लिन सीते का चेहरा लाल हो गया।

भवन का शोर बढ़ता गया। मो ली और बोबोली के शरीर पर ऊर्जा की परत उतर गई।

{परीक्षा बहुत अच्छी, लेकिन प्रदर्शन उतना अच्छा नहीं~}

जागते ही बोबोली ने सबसे पहले यह आवाज़ सुनी।

«व्हाट?»

दूसरी तरफ़, लाल बालों वाला नौजवान हैरानी से आँखें खोल कर, पहले पास ही गर्दन सहलाते जागते श्याओ यूशान को देखा, फिर लुढ़कते-गिरते जैसे दूर हट गया।

«तू, तू तू, असली है या नक़ली?»

श्याओ यूशान स्तब्ध हो कर अपने से सवाल करने वाले नौजवान को घूरा, «?»

चिन कप्तान ने भारी आवाज़ में कहा : «हम सचमुच जाग गए?»

«कोई मुझे थप्पड़ मारो।»

चप! चप-चप।

«आह मेरी, हल्के से।»

सब समझ चुके थे कि न जाने कब असली सपने में खींच लिए गए थे… लोग वही थे, लेकिन यहाँ का माहौल बहुत अजीब और शर्मनाक हो गया था।

कुछ लोग पैर के अँगूठे से लगभग आलीशान कोठी खोद रहे थे।

अचानक सबकी निगाहें लंबी मेज़ के बीचोबीच गईं।

यांग ज़िज़ांग के शरीर पर हल्की ऊर्जा की परत घुलने लगी!

«अरे! यांग ज़िज़ांग।»

सब झुंड बना कर दौड़े, दूर का लिन सीते भी चिंता में भाग कर आया।

इस नींद भरी आँखों वाले नौजवान ने सिर उठा कर सबको देखा और चप से फिर मेज़ पर गिर गया।

फिर एक ज़ोरदार खर्राटे की आवाज़ गूँजी।

«आह… डरा दिया।» कुछ लोगों ने माथे का पसीना पोंछा, एक-दूसरे को देखा। फिर लिन सीते को देखा, फिर रोज़ क्वीन को।

लिन सीते का चेहरा लाल हो गया, उसने जल्दी से ध्यान बँटाने को कहा :

«अभी की हत्या किसने की?»

सबने अचानक सिर उठाया। छोटी चमकती गेंद सर्र से दूर उड़ गई।

……

रात और गहरी हुई, मो ली और बोबोली ने सलाह कर के, बोबोली को अदृश्यता क्षमता की गेंद ले कर पहले हब-टाउन लौटने भेजा, वहाँ सबसे सुरक्षित था, वह बाक़ी के «अनुबंध-पत्र» बाँटता रहा और फिर बड़े सितारे की ट्रेन लेने को कहा।

यांग ज़िज़ांग को पत्थर के भवन के पीछे इकलौते शयनकक्ष में लिटा दिया गया।

«बड़ी दीदी।» एक काफ़ी होशियार लड़की आई, «वह बंदा, ऐसे ही, तुम्हारे कमरे में चला गया? दुष्ट-तलवार इतनी देर में, कभी अंदर नहीं गया था।»

लड़की को ग़ायब हो चुके लियूयुन पर थोड़ा तरस आया।

शू ऐयुआन ने ख़ाली भवन को देखा, «आज रात, मैं यहीं हूँ।»

वह चुपचाप ख़ाली लंबी मेज़ के पास बैठी रही, बस दो-तीन लड़कियाँ उसके पास किताब पढ़ती या मेज़ पर झुक कर आराम करती रहीं।

ख़ामोश होते भवन में आख़िर बस चिंगारी चटकती रह गई।