अध्याय 28 : तोप के गोले के सामने ग़ुस्सा

होंग हाओचेंग को नहीं पता कितनी देर गिरता रहा।

बिल्कुल पास दिखती ज़मीन मानो जितनी पास आए, उतनी ही दूर हो जाए, पूरी चेतना धुँधली-सी थी, जब फिर होश आया तो शरीर अजीब मुद्रा में केबिन के बीच के दरवाज़े के पास अटका हुआ था।

गूँ-गूँ-गूँ!

उसने पाया, विमान पर माँस की झिल्ली उग आई थी!

«यह… मैं अभी गिर कर मरा नहीं!»

होंग हाओचेंग ने घबरा कर धुँधली हुई खिड़की के बाहर देखा। नीचे अजनबी ज़मीन थी, दूर उसका छोर एक धुँध से भरा था!

होंग हाओचेंग के दिमाग़ में, शू फ़ेई से विरासत में मिली कुछ यादें बहुत धुँधली थीं।

—कभी… शू फ़ेई के ग्रह पर, कोई किसी ग़ैर-मौजूदा दुनिया से लौटा, अपने लापता होने के कई साल बाद।

—वह शख़्स एक फल ले कर आया।

—राजा को भेंट किए गए फल ने, राजा को अत्यधिक शक्ति दे दी, जिससे उसने पूरी धरती के जीवन को हज़ारों साल ग़ुलाम बना लिया।

—तो लोगों ने विद्रोह शुरू किया।

यादों में बस गहरी और दूरगामी अनुभूति बची थी…

—क़रीब तीन सदियों में, लोगों ने तरह-तरह से राजा की रहस्यमयी ताक़त का मुक़ाबला करने की क्षमता ढूँढी। विद्रोही हर जगह से आए, जिनमें राजा के पूरे महाद्वीप में फैले रानियाँ और बच्चे भी शामिल थे, और राजा भी शायद इस दमन के खेल का आनंद लेता था। जब तक एक भाड़े के दल ने कुछ अल्पसंख्यक जातियों के प्राचीन मिथकों के ज़रिए, आबादी से दूर ख़तरनाक खंडहरों में, शायद मुक़ाबले का तरीक़ा ढूँढ निकाला, तब राजा को एहसास हुआ… अपनी ताक़त अकेली नहीं है।

—हज़ार साल के राजा ने इस दल को घेरने और इस जाति को मिटाने का हुक्म दिया। लेकिन भेजी गई सेना ने बग़ावत कर दी, बंदूक़ों का रुख़ पलट दिया। तो राजा ने घबरा कर ख़ुद घोड़े पर सवार हो कर शहर से निकला, इस दल पर हमला किया, और रास्ते भर पागलों की तरह उमड़ते विद्रोहियों पर, आधे से कुछ कम महाद्वीप इसी में डूब गया।

—लेकिन आख़िरी वक़्त, यह ताक़तवर भाड़े का सैनिक, आख़िरी साँस तक लड़ कर लौटा, और ढूँढा हुआ स्क्रॉल अपने दल की इकलौती जीवित बची लेखा-अधिकारी के हाथों में थमा दिया।

होंग हाओचेंग ने ख़ून की बू से भरी गंदी हवा में गहरी साँस ली, फिर फ़ौरन ज़ोर से दो बार खाँसा।

«मेरी बीवी… तो एलियन थी। खाँ, खाँ-खाँ…»

लेखा-अधिकारी ही थी वह शू फ़ेई!

{निकाल…}

अचानक, एक अजीब आवाज़ होंग हाओचेंग के मन में उठी।

वह अचानक चौंका, आँखें बाएँ-दाएँ घूमीं, लेकिन यहाँ कोई नहीं था। फिर उसने सिर उठा कर विमान की छत पर बड़े मकड़ी के जाले की तरह फैली महीन लोहे के जाल जैसी माँस-रक्त की धारियों को देखा।

«कौन?»

{…आआ… उड़… उड़…}

भूख की तीव्र इच्छा का अहसास, होंग हाओचेंग के दिल में घिर आया।

यह एहसास बहुत अजीब था, जैसे… एक और ख़ुद?

एक और भूखा ख़ुद?

होंग हाओचेंग ने अपने को लपेटे जालीदार चीज़ को हटाया, अपने हाथ को देखा, अब किसी बड़े आदमी जैसा था, त्वचा की सतह काफ़ी सख़्त हो गई थी! ग़ौर करने का मौक़ा न पाकर, एक-एक डग भरता हुआ पास लटके शू जी के सूटकेस की तरफ़ गया।

अफ़सोस अंदर कपड़ों के अलावा कोई ख़ास जादुई चीज़ नहीं थी। यह बिल्कुल किसी देवी जैसी हस्ती के यात्रा-सामान जैसा नहीं था, बस एक आम लड़की की चीज़ें थीं।

धड़ाम!

विमान फिर काँपा।

{…आ अह… खा… फिर…}

«क्या मतलब।» होंग हाओचेंग ने भौंहें सिकोड़ीं, «तुम क्या खाना चाहते हो?»

{…खा… उड़…}

«मेरे शरीर का कुछ खा कर, उड़ सकते हो?» होंग हाओचेंग ने दूसरी तरफ़ की खिड़की से बाहर देखा, जो विमान का पंख धमाके से टूटा था, उस पर माँस की झिल्ली और ढाँचा उग आया था, हालाँकि अभी थोड़ा अधूरा था, लेकिन सचमुच हाल ही में उगा था!

«मैं पागल हो गया हूँ!» होंग हाओचेंग ने पास से एक लाल उड़ान जैकेट उठा कर पहन ली।

हालाँकि इस विमान की आवाज़ समझना मुश्किल था, लेकिन मन की बातचीत के ज़रिए, होंग हाओचेंग फिर भी मोटा-मोटी महसूस कर सकता था कि सामने वाला सँभल कर क्या चाहता है।

{खा…}

«गुज़रते ही गिर कर मर गया तो, शायद, शू बहन की योजना नाकाम हो जाएगी।»

बिल्कुल पास आ चुके अजीबोग़रीब खंडहर शहर, और शहर में दौड़ती इंसानी आकृतियाँ देख कर, होंग हाओचेंग ने तनाव से विमान की दीवार पर हाथ रखा।

{खा……!}

बाहर ज़मीन को पास आते देख होंग हाओचेंग का मन हल्का-सा झूमा।

एक जानकारी मन में उभरी…

[उम्र निवेश।]

उसकी आँखें चमक उठीं, पल भर में बाल घने और रूखे होने लगे, चेहरे की त्वचा तेज़ी से मज़बूत हो गई, मानो पल भर में ही छब्बीस-सत्ताईस का तेजस्वी युवक बन गया।

……

एक के बाद एक अधूरी इमारतों वाले ऊँचे शहर में।

आज महीने की मध्य-तिथि, कई ताक़तवर दल यहाँ आए नए लोगों को मार्गदर्शित कर रहे थे, अचानक एक विमान ऊपर से आग और धुआँ उगलता, घूमता हुआ ज़मीन की तरफ़ झपटा।

«अरे बाप रे!»

एक इमारत के पास इंतज़ार कर रहे कुछ लोग बुरी तरह घबरा गए।

«इस महीने विमान आ रहा है?»

शहर के अंदर हर जगह, अनगिनत नए और पुराने लोग आसमान में काली लकीर खींचते उस निजी चार्टर विमान को देखने लगे।

«बेचारा, ऐसा विमान तो ज़रूर क्रैश होगा।»

सुना है कुछ शहरों में यात्री विमान आए हैं, लेकिन कोई सफलतापूर्वक नहीं उतरा।

«यह मॉडल देख कर, अंदर वाला शायद कोई बड़ा बिज़नेस टाइकून होगा।»

«स्टार भी हो सकता है, लेकिन मैंने किसी स्टार का ऐसा चार्टर विमान नहीं देखा… रुको… वह मुड़ कर यहाँ आ रहा है, भागो!»

यहाँ बेक़ाबू विमान को गिरते देखने वाले लोग घबरा कर चारों तरफ़ बिखर गए।

……

शहर के दूसरी तरफ़, मेट्रो स्टेशन से निराशा लिए सुरंग से निकल रहे चेन युनज़ वग़ैरह ने, हवा में आती गर्जना सुनी।

उन्होंने सिर उठा कर देखा, वह काला धुआँ छोड़ता विमान गिर रहा था।

माँसपेशियों से भरा एक आदमी आया : «बेकार गया कप्तान, इतनी मुश्किल से विमान देखने को मिला।»

«हाँ, लेकिन बुनियादी तौर पर कोई ज़िंदा नहीं बच सकता।»

«समय बहुत कम, इन्क्यूबस भी पैदा नहीं कर सकता।»

«वह फटने वाला है।»

गर्जना की आवाज़ इस वक़्त इनके कानों तक पहुँची, लेकिन जैसे ही वह ज़मीन पर गिरने को था, अचानक ऊपर उठा, उड़ती हुई मुद्रा में फिर आसमान की तरफ़ चला गया।

नीचे घबरा कर भागते लोगों के दिल एक साथ धड़क उठे।

«क्या! वह बंदा, शायद इन्क्यूबस बन चुका है!»

«हे भगवान, विमान इन्क्यूबस बन गया? वह उड़ेगा!»

शहर में मॉडल क्षमता समझने वाले लोग शोर से हैरान हो कर चिल्लाने लगे।

एक उड़ने वाला इन्क्यूबस विमान, कहने को क्या है।

मिसाल के तौर पर हाल ही में चर्चित फ़्रीक्वेंसी-कट क्षेत्र की बड़े सितारे की ट्रेन, ही टॉप-क्लास चलायमान इन्क्यूबस है। सामने का विमान, हालाँकि अभी देखने में मानसिक बल-रूप नहीं हुआ, लेकिन उसकी उड़ने की ख़ासियत, व्यावहारिकता में भी कम नहीं।

अगर क़ाबू कर लिया जाए, तो यह बड़े सितारे की स्पेशल ट्रेन के बाद दूसरे नंबर का सहजात इन्क्यूबस होगा।

«कितनी तेज़ी, अंदर वाले ने इतनी जल्दी इन्क्यूबस पैदा करने का राज़ ढूँढ लिया!» सब हैरान थे।

मेट्रो के प्रवेश द्वार पर चेंग युनज़ हैरान भी और ख़ुश भी हो कर बोला : «जल्दी, सबको सूचित करो उधर जाने के लिए, हमारे इन दो दिनों का पहला मक़सद यह इन्क्यूबस विमान ढूँढना है! A-श्रेणी के प्रतिच्छेदन क्षेत्र और मेट्रो स्टेशन वग़ैरह की बात बाद में।»

लेकिन उसकी बात ख़त्म होते ही, ज़मीन से एक छोटी-सी काली छाया दागी गई!

आसमान से धमाके की आवाज़ आई!

अभी-अभी मुड़ा इन्क्यूबस विमान गिरने लगा।

«यह क्या हुआ!»

«चेन गे, उस इन्क्यूबस पर हमला हुआ।» काले फ़्रेम का चश्मा पहने एक औरत चिल्लाई।

चेंग युनज़ अचानक ग़ुस्से से भर गया, «किसने किया! वह बेवक़ूफ़ है क्या!»

«मैंने देखा, पिछले महीने आया वह तोप बनाने वाला बंदा होगा।»

चेंग युनज़ के पास का एक हट्टा-कट्टा आदमी ग़ुस्से से लाल हो कर बोला :

«धत्त तेरी इस बेवक़ूफ़ की! वह सोचता है एक विमान गिरा देगा तो हमारा चार-दिशा दल उसे ऊँची नज़र से देखेगा, टीम में बुला लेगा!»

«तुम रुआन ज्यानचेंग वालों की बात कर रहे हो?» चेंग युनज़ ग़ुस्से से भरा, «जल्दी गाड़ी में बैठो, हम वहाँ चलते हैं।»

कुछ लोग धड़-धड़ कर के सड़क किनारे खड़ी इन्क्यूबस कार की तरफ़ दौड़े, लेकिन एक मुड़ी रेखा उनसे भी तेज़ हवा से प्रकट हुई।

{मैं रुआन ज्यानचेंग हूँ, मेरे लिए निवेश करो, यह शैतान है! आह!}

«कमीने, कुत्ते, तेरी माँ का निवेश करें!»

«किधर भी तोप चलानी थी, इस इन्क्यूबस विमान पर क्यों चला दी। तू पागल है क्या? तुझे पता है उड़ने वाला मॉडल कितना क़ीमती होता है!»

«बिल्कुल बेतरतीब हरकत मत करो, विमान वाला बचा रहे!»

कुछ लोगों ने मॉडल से जुड़ते ही, शुरू करने वाले पर गालियों की बौछार कर दी।

लेकिन अगले ही पल वे ठिठक गए।

देखो तो ज़बरदस्त धमाके से गिरे विमान के चारों ओर फैली आग में। एक आग से झुलसा, चेहरे पर वहशी भाव लिए आकृति, एक-एक क़दम करके धधकती आग को पार कर विमान से बाहर निकल रही है।

उसके हाथ में एक लाल हड्डी जैसा इस्पाती पाइप था, दूसरे हाथ से एक आदमी का गला दबोच कर उठा रखा था।

{क्यों… मुझ पर हमला किया।}

भारी आवाज़ आई, सबके कानों में पड़ते ही, रीढ़ में ठंडक दौड़ गई।

आग से निकलने वाले की त्वचा इस तरह जल गई थी मानो मोम बह रहा हो, लेकिन वह अब भी खड़ा था, अब भी झुलस कर तड़पते दुश्मन को गला दबोचे उठा सकता था!

यह नज़ारा देख कर चेंग युनज़ का चेहरा गंभीर हो गया।

उसके पास, एक सादा लंबी स्कर्ट पहने महिला हल्की-सी चीख़ी।

{आई… या इ।}

अभी पूरी तरह न बना विमान इन्क्यूबस का मलबा ज़मीन पर गिर पड़ा, उसका एक हिस्सा हड्डी-माँस बन चुका था, एक हिस्सा अब भी कृत्रिम मशीनरी था, हालाँकि मशीनरी वाला हिस्सा बीच-बीच में आग उगल रहा था।

धमाके से उछला रुआन ज्यानचेंग उठ खड़ा हुआ, पास की एक देसी तोप कुछ मीटर दूर उस शख़्स पर तान कर, कुछ चोरी-ख़ुशी की वहशत से बोला :

{किसी ने मुझे निवेश दिया, हाहा, आओ! अब मेरे पास फिर Chronos है, जहन्नुम में जाओ!}

धम! तोप का गोला उस शख़्स की तरफ़ तेज़ी से गया।

आग में खड़े आदमी ने अचानक सिर घुमा कर देखा, फुर्ती से हाथ के आदमी को गोले की तरफ़ फेंक दिया।

धम!

फेंका गया आदमी टुकड़ों में उड़ गया। इसी दौरान आग में खड़े आदमी ने क़दम बढ़ा कर घुमावदार रास्ते से तोप चलाने वाले रुआन ज्यानचेंग की तरफ़ दौड़ लगाई।

{या इ… बा बा…}

विमान ने कमज़ोर दर्द भरी आवाज़ निकाली।

दौड़ते होंग हाओचेंग ने विमान की यह आवाज़ सुन कर, कुछ होश में आया। उसने अचानक शरीर मोड़ कर बग़ल की तरफ़ दौड़ लगाई, हाथ बढ़ा कर ज़मीन पर रेंग कर दूर जाने की कोशिश करते एक आदमी को उठा लिया।

तोप के पीछे वाले आदमी ने इस अंतराल का फ़ायदा उठा कर बदला हुआ एक गैस सिलिंडर उठा कर जमाया, दाँत भींच कर बोला :

{राक्षस! झांग एर को छोड़! मेरी रेंज तेरी सोच से बहुत दूर है, नहीं छोड़ा तो तुझे तेरे इन्क्यूबस शैतान के साथ मरने को मजबूर कर दूँगा!}

दसियों मीटर दूर होंग हाओचेंग ने एक न सुनी, मुड़ कर हाथ के आदमी को धमाके से बड़े छेद वाले विमान के कॉकपिट में फेंक दिया।

{कमीने!}

धम!

छोटा लोहे का डब्बा तोप से तेज़ी से नली से बाहर निकला।